साहित्यकार कमल बोहिदार हुए काव्य वाटिका में सम्मानित

साहित्यकार कमल बोहिदार हुए काव्य वाटिका में सम्मानित
तमनार @संदेशा 24
साहित्य समाज की चेतना का प्रतिबिम्ब है,जिसे जीवित रखना साहित्यकारों का प्रथम कर्तव्य है इस कर्तव्य का निर्वहन करते हुए रायगढ़ के साहित्यकारों ने काव्य वाटिका सम्मान की शुरुआत की थी, जिसके 13 वें सोपान में रायगढ़ जिले के जाने माने साहित्य पुरोधा कमल बहिदार को सम्मानित किया गया,

कमल बहिदार साहित्यिक नगरी रायगढ़ के आधार स्तंभ रहे हैं,जिन्होंने अपनी ज्ञान वैशिष्टिक रचनाओं पर अपनी लेखनी चला कर सदैव साहित्य के लिए काम करते हुए समाज को यथार्थ आइना दिखाया,इनकी रचित

“आर्तनाद ” इसका जीवंत उदाहरण है ।
विगत दिनों उनके निवास स्थान पर विद्वान साहित्यकार त्रिलोचन पटेल के आतिथ्य और साहित्यकार प्रो.के.के.तिवारी जी की अध्यक्षता में काव्य वाटिका सम्मान समारोह आयोजित की गई,जहां संस्थापक आशा मेहर ‘किरण’ एवं कार्यकारी सदस्य मनोज श्रीवास्तव,अरविंद सोनी ‘सार्थक’,अजय पटनायक,गुलशन खम्हारी जी के द्वारा इस कार्यक्रम को मूर्त रुप दिया गया।

इस दौरान मनोज श्रीवास्तव ,श्याम नारायण श्रीवास्तव,त्रिलोचन पटेल, के के तिवारी,अरविंद सोनी सार्थक जी ने कमल बहिदार के साहित्यिक जीवन पर प्रकाश डाला,तत्पचात लोकेश गुप्ता,कन्हैया लाल गुप्ता ,केशिका साहू,इंदु साहू,पूर्णिमा चौधरी,अनुराधा शर्मा,सरिया से पधारे त्रिनाथ राणा,शिव कुमार बैरागी,आलोक डनसेना,गजानन ओम प्रधान के द्वारा भी कविता का वाचन किया गया। आ.महेंद्र माझी,पंकजिनी पटेल,सह कमलेश जी की भी मेहनीय उपस्थिति रही ।
ऐतिहासिक इस कार्यक्रम के साक्षी बने आशा मेहर जी ने आभार व्यक्त किया व कार्यक्रम के समापन की घोषणा की ,जिन्हें काव्य वाटिका सम्मान से सम्मानित कमल बोहिदार जी ने ऐसी पुनीत पहल के लिए अंत में शाल श्रीफल से सम्मानित किया,कार्यक्रम का सफल संचालन गुलशन खम्हारी ‘प्रद्युम्न’ ने किया।


