WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.27
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.21
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.25 (2)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.25 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.27 (2)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.19 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.20 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.23
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.24
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.28 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.27 (3)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.25
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.27 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.28 (2)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.28
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.29
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.26
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.29 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.26 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.24 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.20
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.19
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.25
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.29
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.34.28
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.04.53
रायगढ़

एचआईवी संक्रमण पर स्वास्थ्य विभाग की कड़ी निगरानी, 18 संक्रमितों का उपचार और फॉलोअप जारी

एचआईवी संक्रमण पर स्वास्थ्य विभाग की कड़ी निगरानी, 18 संक्रमितों का उपचार और फॉलोअप जारी

*एआरटी सेंटर के माध्यम से मरीजों को मिल रही समग्र उपचार सुविधा*

WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.53.04 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.53.06
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.53.07 (2)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.53.03
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.53.05
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.53.06 (2)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.53.06 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.53.07
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.53.04
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.53.07 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.53.05 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 15.53.05 (2)

*जागरूकता, समय पर जांच और नियमित उपचार से संभव है सामान्य जीवन*

*स्वास्थ्य विभाग की अपीलः एचआईवी को लेकर भ्रांतियों से बचें, सावधानी ही बचाव का सबसे बड़ा उपाय*

रायगढ़ @संदेशा 24

जिले में एचआईवी संक्रमण की रोकथाम, समय पर पहचान और प्रभावी उपचार सुनिश्चित करने के लिए स्वास्थ्य विभाग लगातार सक्रिय रुप से कार्य कर रहा है। शासकीय स्वास्थ्य संस्थाओं और विभिन्न गैर-शासकीय संगठनों (एनजीओ) के सहयोग से जिलेभर में जागरूकता अभियान, परामर्श सेवाएं और नियमित जांच कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। विभाग का उद्देश्य संक्रमण की शीघ्र पहचान कर मरीजों को समय पर उपचार उपलब्ध कराना और संक्रमण के प्रसार को रोकना है।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने जानकारी देते हुए बताया कि वर्ष 2025-26 के दौरान जिले में विभिन्न स्वास्थ्य संस्थानों के माध्यम से बड़ी संख्या में लोगों की एचआईवी जांच की गई। जांच के दौरान कुल 18 व्यक्ति एचआईवी संक्रमित पाए गए। संक्रमितों की पहचान होने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने तत्काल कॉन्टेक्ट ट्रेसिंग की प्रक्रिया शुरू की, ताकि संक्रमण की संभावित श्रृंखला का पता लगाया जा सके और अन्य लोगों की भी समय पर जांच सुनिश्चित हो सके। सभी संक्रमित मरीजों को एआरटी (एंटी रेट्रो वायरल थेरेपी) सेंटर से जोड़ दिया गया है, जहां उन्हें आवश्यक दवाएं, चिकित्सकीय परामर्श और नियमित स्वास्थ्य निगरानी प्रदान की जा रही है। विभाग द्वारा मरीजों का लगातार फॉलोअप भी किया जा रहा है ताकि उपचार में किसी प्रकार की बाधा न आए और उनकी स्वास्थ्य स्थिति बेहतर बनी रहे।

*सावधानी ही बचाव का सबसे बड़ा उपाय*

स्वास्थ्य विभाग के अनुसार एचआईवी संक्रमण कई कारणों से फैल सकता है। इनमें असुरक्षित यौन संबंध, संक्रमित रक्त का उपयोग, दूषित सुई या सिरिंज का दोबारा इस्तेमाल, संक्रमित माता से गर्भावस्था या स्तनपान के दौरान शिशु में संक्रमण तथा संक्रमित रेजर या ब्लेड का उपयोग प्रमुख कारण हैं। एचआईवी संक्रमण को रोकने के लिए व्यक्तिगत स्तर पर सतर्कता बेहद जरूरी है। सुरक्षित यौन व्यवहार अपनाना, केवल प्रमाणित एवं जांचे गए रक्त का उपयोग करना, सुई एवं सिरिंज का साझा उपयोग न करना तथा किसी अन्य व्यक्ति के रेजर या ब्लेड का इस्तेमाल करने से बचना संक्रमण की रोकथाम के लिए महत्वपूर्ण कदम हैं। साथ ही गर्भवती महिलाओं को समय-समय पर स्वास्थ्य जांच कराने की सलाह दी गई है, ताकि आवश्यकता पड़ने पर समय रहते उपचार उपलब्ध कराया जा सके और नवजात को संक्रमण से सुरक्षित रखा जा सके।

*जागरूकता, समय पर जांच और नियमित उपचार से संभव है सामान्य जीवन*

मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने कहा कि एचआईवी एक गंभीर संक्रमण अवश्य है, लेकिन आधुनिक चिकित्सा और नियमित उपचार के माध्यम से इसे नियंत्रित किया जा सकता है। यदि संक्रमण की समय पर पहचान हो जाए और मरीज नियमित रूप से एआरटी दवाओं का सेवन करे, तो वह सामान्य एवं स्वस्थ जीवन व्यतीत कर सकता है। उन्होंने आमजन से एचआईवी से जुड़ी भ्रांतियों और सामाजिक भेदभाव से दूर रहने की अपील की। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि जागरूकता, नियमित जांच और समय पर उपचार ही संक्रमण की रोकथाम और नियंत्रण का सबसे प्रभावी माध्यम है। विभाग ने लोगों से आग्रह किया है कि यदि उन्हें किसी भी प्रकार की शंका हो या संक्रमण से संबंधित जानकारी चाहिए, तो वे अपने निकटतम स्वास्थ्य केंद्र में संपर्क कर जांच एवं परामर्श अवश्य प्राप्त करें। स्वास्थ्य विभाग ने बताया कि समाज की भागीदारी, जागरूकता और जिम्मेदार व्यवहार से एचआईवी संक्रमण के मामलों में कमी लाई जा सकती है तथा संक्रमित व्यक्तियों को सम्मानजनक और स्वस्थ जीवन प्रदान किया जा सकता है।

WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.06
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.05
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.04
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.07.56
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.07 (2)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.05 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.08 (2)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.04 (2)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.05 (2)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.00
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.03 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.08 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.02 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.07
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.05
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.08 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.00
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.07.56
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.08 (2)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.03 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.08
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.03
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.02 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.05 (2)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.08.05 (1)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.07.59 (2)
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.07.59
WhatsApp Image 2026-01-26 at 16.07.56 (1)

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
Latest
हाथियों के संरक्षण और वैज्ञानिक प्रबंधन को मिलेगी नई दिशा - वन... एचआईवी संक्रमण पर स्वास्थ्य विभाग की कड़ी निगरानी, 18 संक्रमितो... किसानों की जरूरतों को प्राथमिकता, सहकारी समितियों में पर्याप्त... रोजगार का सुनहरा अवसर, 08 जून को लगेगा रोजगार मेला बाल मधुमेह की समय पर पहचान और प्रबंधन के लिए स्वास्थ्य विभाग ए... नैनो उर्वरकों ने बदली खेती की तस्वीर, किसान जगदीश प्रधान को मि... विश्व पर्यावरण दिवस पर जिलेभर की ग्राम पंचायतों में विशेष ग्रा... आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित होगा रायगढ़ प्रेस क्लब भवन, वित्त म... विकास कार्यों की गुणवत्ता और जनसुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता, राय... पहाड़ों और जंगलों के बीच पहुंची शासन की योजना, आंगनबाड़ी कार्य...