ग्राम डोलेसरा के अजय पटनायक “मयंक” डॉक्टरेट के मानद उपाधि से हुए अलंकृत

ग्राम डोलेसरा के अजय पटनायक “मयंक” डॉक्टरेट के मानद उपाधि से हुए अलंकृत
तमनार @ संदेशा 24 दुलेन्द्र पटेल 17.6.1924
साहित्य साधना का सुखद परिणाम परिणीत होना हर साहित्यकार का सपना होता है जिसकी पराकाष्ठा अगर डॉक्टरेट के मानद उपाधि से हो तो खुशी दुगुनी हो जाती है,ऐसे ही साहित्य के क्षेत्र में अपनी महती भूमिका निभाने वाले अजय पटनायक “मयंक” जी को मैजिक एंड आर्ट यूनिवर्सिटी दिल्ली से डॉक्टरेट की मानद उपाधि से अलंकृत किया गया है ।
ज्ञातव्य हो कि अजय पटनायक “मयंक ” छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले के ग्राम डोलेसरा के निवासी हैं जो जाने माने छंद मर्मज्ञ व गीतकार होने के साथ ही साथ पेशे से अभियंता हैं और वर्तमान में जिंदल स्टील एंड पावर लिमिटेड तमनार में कार्यरत हैं ।
कई वर्ल्ड रिकॉर्ड से विभूषित अजय पटनायक जी को कई राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय अवार्ड से सम्मानित किया जा चुका है, छंदमयी हिंदी और छतीसगढ़ी काव्य व गद्य पर अपनी लेखनी चलाते हुए उन्होंने राष्ट्रीय स्तर के प्रतियोगिताओं के विजेता रहे हैं ,उन्होंने गीतकार के रूप में कई गीत लिख कर अपनी लेखनी को सम्मान दिलाया है, अनेक राष्ट्रीय और प्रांतीय संस्थाओं पर पदाधिकारी के रूप में साहित्य को संचालित करते हुए मंचों पर अपनी प्रस्तुति से निरंतर साहित्य की गंगा बहाते रहते हैं l साथ भी साहित्य के विकास के लिए अलग -अलग मुहिम में अपनी भूमिका अदा करते हैं तथा छंद गुरु के रूप में नवांकुरों को छंद सिखाकर साहित्य को पल्लवित कर रहें हैं।
ज्ञातव्य हो विगत दिनों डॉ. एस के आहूजा पूर्व निदेशक मेवाड़ यूनिवर्सिटी, एडओकेट अमित गुप्ता, तथा डॉ.सी पी यादव चेयर मेन मैजिक एंड आर्ट यूनिवर्सिटी दिल्ली के आतिथ्य में इस सम्मान को अमलीजामा पहनाया गया इस दौरान देश भर से आए महानुभावों को इस उपाधि से नवाजा गया।
अजय पटनायक “मयंक” का इस उपाधि से अलंकृत होने पर परिवार,सामाजिक बंधु,ग्राम क्षेत्र वासी,समस्त साहित्यिक संस्थान,जिंदल पावर के समस्त कर्मचारी गण एवं इष्ट मित्रों ने इस उपलब्धि के लिए भूरी- भूरी प्रशंसा करते हुए शुभकामनाएं दी हैं ।



