ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय के स्कूल ऑफ मैनेजमेंट को NIRF रैंकिंग्स 2025 में मैनेजमेंट श्रेणी में 101–125 बैंड में मिला प्रतिष्ठित स्थान

ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय के स्कूल ऑफ मैनेजमेंट को NIRF रैंकिंग्स 2025 में मैनेजमेंट श्रेणी में 101–125 बैंड में मिला प्रतिष्ठित स्थान
रायगढ़ @संदेशा 24
ओ. पी. जिंदल विश्वविद्यालय (ओपीजेयू), रायगढ़ के स्कूल ऑफ मैनेजमेंट ने एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल करते हुए राष्ट्रीय संस्थागत रैंकिंग फ्रेमवर्क (NIRF) इंडिया रैंकिंग्स 2025 में मैनेजमेंट श्रेणी में 101–125 बैंड में अपना स्थान सुनिश्चित किया है। यह सम्मान विश्वविद्यालय के लिए गर्व का विषय है और प्रबंधन शिक्षा के क्षेत्र में इसकी गुणवत्ता को दर्शाता है। भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय द्वारा हर वर्ष जारी की जाने वाली यह रैंकिंग देशभर के उच्च शिक्षण संस्थानों के शैक्षणिक उत्कृष्टता, अनुसंधान, संकाय-संसाधन, ग्रेजुएट आउटकम्स, आउटरीच व समावेशन और संपूर्ण धारणा जैसे मानकों के आधार पर तैयार की जाती है।
इस अवसर पर ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. आर. डी. पाटीदार ने सभी प्राध्यापकों, स्टाफ और छात्रों को बधाई दी और कहा कि उनकी मेहनत और समर्पण के बिना यह उपलब्धि संभव नहीं हो पाती। डॉ. पाटीदार ने खुशी व्यक्त करते हुए कहा की, “यह हमारे लिए एक अत्यंत गौरवपूर्ण क्षण है। ओपीजेयू के स्कूल ऑफ मैनेजमेंट को NIRF रैंकिंग 2025 में 101–125 बैंड में स्थान मिलना, हमारे शिक्षकों की कड़ी मेहनत, छात्रों की प्रतिबद्धता और हमारे शिक्षण व शोध के उच्च मानकों का प्रमाण है। हम अपने शिक्षण कार्यक्रमों को उद्योगोन्मुखी, नवाचार-प्रेरित और सामाजिक रूप से उत्तरदायी बनाने के लिए लगातार प्रयासरत हैं। यह मान्यता हमें और अधिक प्रेरित करती है कि हम गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने की दिशा में नए आयाम स्थापित करें।” डॉ. पाटीदार ने आगे कहा कि विश्वविद्यालय नई शिक्षा नीति 2020 (NEP 2020) के दिशा-निर्देशों को अपनाते हुए एक लचीले, बहुविषयी और समावेशी शिक्षण मॉडल की ओर अग्रसर है, जो छात्रों को वैश्विक प्रतिस्पर्धा के लिए सक्षम बनाता है। उन्होंने यह भी बताया कि ओपीजेयू में शिक्षा केवल किताबी ज्ञान तक सीमित नहीं है, बल्कि छात्रों को प्रैक्टिकल एक्सपोजर, केस स्टडीज, लाइव प्रोजेक्ट्स, और इंडस्ट्री इंटरफेस के माध्यम से वास्तविक दुनिया की चुनौतियों के लिए तैयार किया जाता है।
इस महत्वपूर्ण उपलब्धि पर डॉ. पाटीदार ने विशेष रूप से जिंदल स्टील के चेयरमैन श्री नवीन जिंदल और ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय की चांसलर श्रीमती शालू जिंदल के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि,”हम विशेष रूप से श्री नवीन जिंदल जी और श्रीमती शालू जिंदल जी के प्रति कृतज्ञ हैं, जिनके सतत मार्गदर्शन, प्रोत्साहन और शिक्षा के प्रति समर्पण के कारण ओपीजेयू गुणवत्तापूर्ण, समावेशी और दूरदर्शी शिक्षा के क्षेत्र में अग्रणी बन सका है।“
ओपीजेयू का स्कूल ऑफ मैनेजमेंट, छत्तीसगढ़ में प्रबंधन शिक्षा के क्षेत्र में उभरता हुआ केंद्र बन चुका है, और उद्योग-उन्मुख पाठ्यक्रम, अनुभवशील संकाय, केस-स्टडी आधारित शिक्षण, और श्रेष्ठ प्लेसमेंट रिकॉर्ड के लिए जाना जाता है। यह मान्यता न केवल विश्वविद्यालय की वर्तमान स्थिति को दर्शाती है, बल्कि भविष्य में और ऊँचाइयों तक पहुँचने की प्रतिबद्धता को भी मजबूत करती है। विश्वविद्यालय का लक्ष्य छात्रों को न केवल योग्य प्रोफेशनल, बल्कि जिम्मेदार वैश्विक नागरिक बनाना है।


