ओपीजेयू में 19 फ़रवरी से तीन-दिवसीय राष्ट्रीय स्तर का ‘टेक्नो- कल्चरल’ महोत्सव ‘टेक्नोएम्बिशन-26’ का धमाकेदार आगाज़

ओपीजेयू में 19 फ़रवरी से तीन-दिवसीय राष्ट्रीय स्तर का ‘टेक्नो- कल्चरल’ महोत्सव ‘टेक्नोएम्बिशन-26’ का धमाकेदार आगाज़
@ देश के कोने-कोने से आए छात्र ‘टेक्नोएम्बिशन’ और ‘जूनून’ में करेंगे अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन
तमनार @संदेशा 24
ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय, रायगढ़ में तीन-दिवसीय राष्ट्रीय स्तर का ‘टेक्नो- कल्चरल’ महोत्सव ‘टेक्नोएम्बिशन-26’ 19 फ़रवरी से 21 फ़रवरी, 2026 तक आयोजित किया जाएगा। इस महोत्सव में देशभर से आए छात्र अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे और लाखों रुपए की पुरस्कार राशि अपने नाम करेंगे। ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. आर. डी. पाटीदार के अनुसार, राष्ट्रीय स्तर का टेक-फेस्ट ‘टेक्नोएम्बिशन’ छात्रों को अपनी वैज्ञानिक, तकनीकी और प्रबंधन क्षमताओं को प्रदर्शित करने का एक अनोखा मंच देता है। यह महोत्सव नवाचार, रचनात्मकता और नेतृत्व की भावना को बढ़ावा देने के साथ-साथ छात्रों में स्वस्थ प्रतिस्पर्धा और सहयोग की संस्कृति को भी प्रोत्साहित करता है। खास बात यह है कि यह पूरी तरह से छात्रों द्वारा डिज़ाइन और आयोजित किया जाता है, जिसमें उन्हें प्राध्यापकों का मार्गदर्शन मिलता है।
19 फ़रवरी को सुबह 10:00 बजे टेक -फेस्ट के प्रमुख तकनीकी इवेंट ‘टेक-लैब’ का शुभारम्भ होगा जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में श्री शशधर दास (प्लांट हेड – अडानी पावर, रायगढ़) एवं विशिष्ट अतिथि के रूप में श्री अभय कुमार समैय्यार (प्लांट हेड – DCPP) उपस्थित रहेंगे। शाम को ‘टेक-फेस्ट’ का औपचारिक उद्घाटन मुख्य अतिथि श्री अजय कुमार पांडेय (सीईओ – जिंदल पावर लिमिटेड, तमनार), विश्वविद्यालय के कुलपति, डॉ. आर. डी. पाटीदार एवं अन्य अतिथियों की उपस्थिती मे करेंगे। तीन दिन तक चलने वाले इस टेक्नो-कल्चरल फेस्ट ‘टेक्नोएम्बिशन’ मे दिन भर विभिन्न प्रकार की तकनीकी एवं गैर-तकनीकी प्रतियोगितायें आयोजित की जाती हैं एवं शाम को सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन होता है। इस आयोजन से छात्रों को होने वाले लाभों के बारे में बात करते हुए डॉ पाटीदार ने बताया की दिन भर विभिन्न प्रकार की तकनीकी और गैर-तकनीकी प्रतियोगिताओं का आयोजन छात्रों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण होता है, क्योंकि एक ओर जहां तकनीकी प्रतियोगिताएं छात्रों को उनकी वैज्ञानिक और तकनीकी क्षमताओं को निखारने का अवसर देती हैं, वही गैर-तकनीकी प्रतियोगिताएं उन्हें संचार, नेतृत्व, टीमवर्क, और रचनात्मक सोच जैसी अन्य महत्वपूर्ण क्षमताओं को विकसित करने में मदद करती हैं। इन प्रतियोगिताओं में भाग लेने से छात्र विभिन्न समस्याओं का समाधान सोचने की क्षमता विकसित करते हैं, जिससे उनका नवाचार और विश्लेषणात्मक सोच बेहतर होती है; साथ ही साथ प्रतियोगिताएं छात्रों में स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना को प्रोत्साहित करती हैं, जिससे वे अपनी क्षमताओं को और बेहतर बनाने के लिए प्रेरित होते हैं। बहुत सी प्रतियोगिताओं में टीम के रूप में काम करना पड़ता है, जिससे छात्रों को सामूहिक कार्य, सहयोग और एकजुटता का अनुभव प्राप्त होता है। छात्रों के सर्वांगीण विकास पर केंद्रित यह टेक-फेस्ट उत्सव की तरह होता है जिसमें उनकी भागीदारी बहुत ही उत्साहवर्धक होती है।
टेक-फेस्ट के संयोजकों के अनुसार इस वर्ष ‘टेक्नोएम्बिशन’मे तीन दिनो मे तकनीकी एवं गैर-तकनीकी 15 से अधिक प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जा रहा है जिसमे छात्रों द्वारा बनाए गए टेक्निकल मॉडेल्स का प्रदर्शन, रोबोटिक्स के गेम्स, आइडिएशन -पेपर प्रेजेंटेशन, वौइस् ऑफ़ यूथ, बिजिनेस प्लान-स्टार्टअप एवं सांस्कृतिक प्रतियोगिताएं प्रमुख हैं। टेक-फेस्ट के तीसरे दिन 21 फ़रवरी को समापन समारोह के दिन पुरस्कार वितरण किया जाएगा। इस वर्ष पुरस्कार वितरण समारोह के मुख्य अतिथि श्री प्रकाश साप्पा (प्लांट हेड – जेएसडब्ल्यू, झारसुगुड़ा) होंगे। पुरस्कार वितरण के पश्चात ‘जूनून’ (सेलिब्रिटी नाईट) कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा जिसमे इंडियन आइडल फेम ऋषि सिंह के गीतों का सभी लोग आनंद उठाएंगे। ऋषि सिंह, भारत के एक प्रतिभाशाली गायक हैं, जो इंडियन आइडल सीजन 13 जीतने के लिए प्रसिद्ध हैं। संगीत की दुनिया में उनकी प्रभावशाली यात्रा उनके समर्पण और जुनून को दर्शाती है। प्रबंधन, नवाचार, तकनीकी कौशल एवं व्यक्तित्व विकास पर केन्द्रित ‘टेक्नोएम्बिशन-26’ मे विभिन्न संस्थानो के लगभग दो हज़ार प्रतिभागी छात्र अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। ‘टेक्नोएम्बिशन-26’ के तीनो दिन सभी प्रतियोगिताओं का आयोजन ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय के पूंजीपथरा परिसर में किया जाएगा।
ज्ञातव्य हो कि रायगढ़ के पुंजिपथरा स्थित NAAC “A” ग्रेड प्राप्त ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय की स्थापना 2014 में (राज्य बिल अधिनियम 13) देश के प्रतिष्ठित औद्योगिक समूह – जिंदल ग्रुप द्वारा देश और विदेश के छात्रों को विश्व स्तरीय शिक्षा और प्रशिक्षण प्रदान करने के उद्देश्य से की गई थी। विश्वविद्यालय विश्वस्तर के पाठ्यक्रम, विश्वस्तरीय शिक्षक, आधुनिक शिक्षण विधियाँ, अत्याधुनिक बुनियादी ढाँचे और शिक्षार्थियों को एक जीवंत परिसर प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। कई प्रतिष्ठित पुरस्कारों से सम्मानित यह विश्वविद्यालय इस्पात प्रौद्योगिकी और प्रबंधन का सबसे विशिष्ट और विश्वस्तरीय विश्वविद्यालय बनने की ओर अग्रसर है।



