सोमनाथ स्वाभिमान पर्व: अटूट आस्था और सांस्कृतिक गौरव का महोत्सव *बाबा धाम कोसमनारा में आयोजित हुआ कार्यक्रम, सनातन धरोहर संरक्षण का लिया संकल्प

सोमनाथ स्वाभिमान पर्व: अटूट आस्था और सांस्कृतिक गौरव का महोत्सव *बाबा धाम कोसमनारा में आयोजित हुआ कार्यक्रम, सनातन धरोहर संरक्षण का लिया संकल्प
*सोमनाथ मंदिर के पुनर्निर्माण के 75 वर्ष पूर्ण होने पर पूरे देश में मनाया जा रहा स्वाभिमान पर्व*
रायगढ़ @संदेशा 24
गुजरात स्थित सोमनाथ मंदिर के पुनर्निर्माण के 75 साल पूर्ण होने के उपलक्ष्य में देशभर में “सोमनाथ स्वाभिमान पर्व’’ मनाया गया। इसी क्रम में रायगढ़ के बाबा धाम कोसमनारा में भी आज सोमनाथ स्वाभिमान पर्व ’’अटूट आस्था के 1000 वर्ष’’ का भव्य आयोजन किया गया। जिला प्रशासन द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम का संचालन मिनट-टू-मिनट्स निर्धारित रूपरेखा के अनुसार सुव्यवस्थित ढंग से किया गया। आयोजन में श्रद्धा, संस्कृति और सनातन परंपरा का अद्भुत संगम देखने को मिला। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों ने भारत माता एवं छत्तीसगढ़ महतारी के छायाचित्र के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया गया। इसके पश्चात छत्तीसगढ़ राज्य गीत प्रस्तुत किया गया। कैदीमुड़ा की मां मानकेसरी महिला समूह द्वारा प्रस्तुत शिव भजन एवं भक्तिमय गीतों ने पूरे वातावरण को शिवमय बना दिया।
आयोजन स्थल पर सोमनाथ थीम पर आकर्षक रंगोली बनाई गई, जो श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र रही। इसके बाद “सोमनाथ संवाद” का आयोजन किया गया, जिसमें भारत की सांस्कृतिक विरासत, सनातन परंपरा तथा मंदिरों के ऐतिहासिक महत्व पर विचार साझा किए गए। कार्यक्रम में राज्यसभा सांसद श्री देवेन्द्र प्रताप सिंह, नगर निगम महापौर श्री जीवर्धन चौहान, सभापति श्री डिग्री लाल साहू, श्री महेश साहू, जनपद पंचायत उपाध्यक्ष श्री राम श्याम डनसेना सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि, ग्राम के सरपंच, जिला पंचायत सीईओ श्री अभिजीत बबन पठारे, जनपद पंचायत सीईओ संबंधित विभाग के अधिकारी-कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राज्यसभा सांसद श्री देवेन्द्र प्रताप सिंह ने कहा कि सोमनाथ स्वाभिमान पर्व भारत की अटूट आस्था, सांस्कृतिक चेतना और सनातन परंपरा के गौरव का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि सोमनाथ मंदिर भारतीय संस्कृति, श्रद्धा और राष्ट्रीय स्वाभिमान का प्रमुख केंद्र रहा है तथा समय-समय पर इसके पुर्ननिर्माण और संरक्षण के माध्यम से देश की सांस्कृतिक चेतना को सशक्त करने का कार्य किया गया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देशभर के आस्था केंद्रों एवं सांस्कृतिक धरोहरों के संरक्षण और विकास का कार्य निरंतर किया जा रहा है। अयोध्या में श्रीराम मंदिर निर्माण, काशी विश्वनाथ धाम कॉरिडोर सहित विभिन्न धार्मिक स्थलों के विकास कार्य इसके उदाहरण हैं। उन्होंने कहा कि रायगढ़ का बाबा धाम भविष्य में देश का प्रमुख आस्था एवं पर्यटन केंद्र बनेगा। रायगढ़ के पहाड़ मंदिर परिसर में 51 फीट ऊंची बजरंगबली प्रतिमा की स्थापना की दिशा में कार्य किया जा रहा है। इसके साथ ही क्षेत्र के प्राचीन मंदिरों एवं रियासतकालीन धरोहरों के संरक्षण एवं सौंदर्यीकरण का कार्य भी किया जाएगा, ताकि आने वाली पीढ़ियां अपनी सांस्कृतिक विरासत से जुड़ी रहें।
नगर निगम महापौर श्री जीवर्धन चौहान ने कहा कि सोमनाथ मंदिर के पुनर्निर्माण के 75 वर्ष पूर्ण होने का यह अवसर पूरे भारत के लिए गौरव का विषय है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी भारतीय संस्कृति, सनातन परंपरा और आस्था केंद्रों के संरक्षण के लिए निरंतर कार्य कर रहे हैं। बाबा धाम कोसमनारा में वर्षों से साधना में लीन संत बाबा सत्यनारायण श्रद्धालुओं के लिए प्रेरणा और आस्था के केंद्र हैं। सभापति श्री डिग्री लाल साहू ने भारतीय संस्कृति एवं धार्मिक धरोहरों के संरक्षण के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना की।
कार्यक्रम में प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा गुजरात स्थित सोमनाथ मंदिर के पुनर्निर्माण के 75 वर्ष पूर्ण होने पर दिए गए संबोधन का सीधा प्रसारण श्रद्धालुओं को दिखाया गया। इस अवसर पर सोमनाथ मंदिर के शिखर पर 11 पवित्र तीर्थों के जल से जलाभिषेक का विशेष दृश्य प्रसारित किया गया। साथ ही भारतीय वायु सेना की प्रसिद्ध सूर्य किरण एरोबेटिक टीम द्वारा प्रस्तुत एयर शो का लाइव प्रसारण भी उपस्थित जनसमूह ने उत्साहपूर्वक देखा। कार्यक्रम के अंत में श्रद्धालुओं के लिए महाप्रसाद वितरण किया गया तथा क्षेत्र की धार्मिक एवं सांस्कृतिक धरोहरों के संरक्षण एवं बाबा धाम को राष्ट्रीय स्तर के आस्था केंद्र के रूप में विकसित करने का सामूहिक संकल्प लिया गया।


