ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय और इनजेन डायनेमिक्स (यूएसए) के बीच एमओयू (MoU)– रोबोटिक्स और एआई में नवाचार को मिलेगी नई उड़ान

ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय और इनजेन डायनेमिक्स (यूएसए) के बीच एमओयू (MoU)– रोबोटिक्स और एआई में नवाचार को मिलेगी नई उड़ान!
(ओपीजेयू और अमेरिका की अग्रणी टेक्नोलॉजी कंपनी इनजेन डायनेमिक्स ने मिलाया हाथ, रोबोटिक्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के क्षेत्र में अनुसंधान, शिक्षा और नवाचार को नया आयाम देने के लिए किए समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर)
रायगढ़,@ संदेशा 24
ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय, रायगढ़ और अमेरिका की अग्रणी टेक्नोलॉजी कंपनी इनजेन डायनेमिक्स (inGen Dynamics) ने रोबोटिक्स और एआई में नवाचार को बढ़ावा देने के लिए समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए। 26 जून, 2025 को आयोजित वर्चुअल मीटिंग में ओपीजेयू के कुलपति डॉ. आर. डी. पाटीदार एवं इनजेन डायनेमिक्स, यूएसए के संस्थापक और सीईओ श्री अरशद हिशाम ने, उभरती प्रौद्योगिकियों में अकादमिक-उद्योग सहयोग को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम में, ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय और एएच गामा डायनेमिक्स एंड रोबोटिक्स प्राइवेट लिमिटेड (इनजेन डायनेमिक्स, यूएसए के अधिकृत अनन्य आरएंडडी पार्टनर) के प्रतिनिधि के रूप में रोबोटिक्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और स्वचालन में अनुसंधान, शिक्षा और विकास को आगे बढ़ाने के लिए एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए। इस विशेष अवसर पर डॉ. अनुराग विजयवर्गीय (रजिस्ट्रार, ओपीजेयू), श्री राजीव वर्मा (सीटीओ-इंजीनियरिंग स्ट्रैटेजी, इनजेन डायनेमिक्स, यूएसए), डॉ. सुरेंद्र द्विवेदी (निदेशक-आईएसडीएच, ओपीजेयू) एवं श्री आनंद कृष्ण (ईए टू वीसी, ओपीजेयू) उपस्थित रहे।
ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. आर. डी. पाटीदार ने इस अवसर पर कहा की, “ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय हमेशा से वैश्विक सोच और नवाचार-आधारित शिक्षा को प्रोत्साहित करता रहा है। इनजेन डायनेमिक्स जैसे अग्रणी तकनीकी संस्थान के साथ यह समझौता हमारी इसी प्रतिबद्धता को दर्शाता है। यह साझेदारी हमारे प्राध्यापकों, छात्रों और शोधकर्ताओं को रोबोटिक्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसे उभरते हुए क्षेत्रों में वैश्विक मानकों के अनुरूप सीखने, खोजने और नवाचार करने का एक अनूठा अवसर प्रदान करेगी। हमारा उद्देश्य है कि हम शिक्षा और टेक्नोलॉजी के संगम से एक ऐसा वातावरण तैयार करें, जहाँ अगली पीढ़ी के लीडर्स और प्रॉब्लम-सॉल्वर्स तैयार हो सकें। यह समझौता उसी दिशा में एक महत्त्वपूर्ण कदम है।” एमओयू (MoU) के बारे में बात करते हुए डॉ. पाटीदार ने जानकारी दिया कि मीटिंग के दौरान औपचारिक रूप से हस्ताक्षरित समझौता ज्ञापन (MoU) एक रणनीतिक साझेदारी की शुरुआत का प्रतीक है, जिसका उद्देश्य संयुक्त शैक्षणिक और औद्योगिक प्रयासों के माध्यम से रोबोटिक्स नवाचार के लिए एक समृद्ध और सशक्त पारिस्थितिकी तंत्र का निर्माण करना है।

मीटिंग में चर्चा की गई प्रमुख कार्यसूचियों में, समझौता ज्ञापन के उद्देश्यों को मूर्त रूप देने के लिए एक विस्तृत और व्यावहारिक रोडमैप का विकास शामिल था। दोनों पक्षों ने अल्पकालिक और दीर्घकालिक सहयोगी परियोजनाओं की शुरुआत करने पर सहमति व्यक्त किया, जिसमें रोबोटिक्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और स्वचालन प्रौद्योगिकियों पर कार्यशालाएं, प्रशिक्षण कार्यक्रम और तकनीकी आदान-प्रदान की योजनाएं शामिल हैं। चर्चा का एक महत्वपूर्ण पहलू ओपीजेयू के अकादमिक पाठ्यक्रमों में रोबोटिक्स को एकीकृत करने की दिशा में उठाया गया कदम था, जिसका उद्देश्य शिक्षा को उद्योग की वर्तमान और भविष्य की मांगों के अनुरूप बनाना है। इसके साथ ही, वास्तविक जीवन की चुनौतियों पर केंद्रित संयुक्त अनुसंधान एवं विकास (R&D) पहलों की आवश्यकता और महत्व पर विशेष ज़ोर दिया गया।
इस अवसर पर डॉ. पाटीदार ने जेएसपी (JSP) के चेयरमैन श्री नवीन जिंदल एवं ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय की चांसलर श्रीमती शालू जिंदल के प्रति उनके सतत मार्गदर्शन, प्रेरणा और सहयोग के लिए गहन कृतज्ञता व्यक्त किया। कृतज्ञता व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि “विश्वविद्यालय की निरंतर प्रगति तथा इस प्रकार की वैश्विक स्तर की रणनीतिक साझेदारियों की सफलता में उनका नेतृत्व सदैव प्रेरणादायक रहा है। वास्तव में, बिना उनके दूरदर्शी मार्गदर्शन और उत्साहवर्धन के यह समझौता संभव नहीं हो पाता।”
इस महत्वपूर्ण समझौते के संपन्न होने पर विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. अनुराग विजयवर्गीय, सभी डीनगण एवं प्राध्यापकों ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए इसे विश्वविद्यालय के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया और समस्त टीम को बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं। यह सहयोग निश्चित ही शिक्षा, अनुसंधान और नवाचार के क्षेत्र में नई संभावनाओं के द्वार खोलेगा।
ज्ञातव्य हो कि ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय (OPJU) की स्थापना वर्ष 2014 में छत्तीसगढ़ के रायगढ़ में की गई थी। इसका उद्देश्य केवल गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करना ही नहीं, बल्कि छात्रों को वास्तविक जीवन की चुनौतियों के लिए सक्षम और तैयार करना भी है। NAAC द्वारा ‘A’ ग्रेड प्राप्त विश्वविद्यालय ने शिक्षा, अनुसंधान और नवाचार के क्षेत्रों में निरंतर उल्लेखनीय प्रगति की है और आज यह उद्योग तथा अकादमिक जगत के बीच एक सशक्त सेतु के रूप में कार्य कर रहा है। ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय आज केवल एक शिक्षण संस्थान नहीं, बल्कि एक ऐसा मंच है जो शिक्षा को डिग्री तक सीमित न रखते हुए, उसे रोज़गार, उद्यमिता और नेतृत्व विकास से जोड़ता है, ताकि छात्र समग्र विकास की दिशा में अग्रसर हो सकें।



