सुशासन तिहार में साकार हुए सपनों के आशियाने *औरदा शिविर में पीएम आवास योजना के हितग्राहियों को मिली नए घर की चाबी

सुशासन तिहार में साकार हुए सपनों के आशियाने *औरदा शिविर में पीएम आवास योजना के हितग्राहियों को मिली नए घर की चाबी
*सम्मान और सुरक्षा का आशियाना मिलने पर हितग्राहियों ने जताया शासन के प्रति आभार*
रायगढ़ @संदेशा 24
ग्रामीण परिवारों के जीवन में सुरक्षित और सम्मानजनक आवास केवल एक सुविधा नहीं, बल्कि बेहतर भविष्य की नींव होता है। शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से ऐसे ही अनेक परिवारों के सपनों को नया आकार मिल रहा है। इसी क्रम में आज विकासखंड पुसौर के ग्राम औरदा में आयोजित जनसमस्या निवारण शिविर में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के हितग्राहियों को उनके नए पक्के घर की चाबी सौंपी गई और विधिवत गृह प्रवेश कराया गया।
शिविर में ग्राम पंचायत सुकूलभठली के संतराम, माला प्रधान और रामकुमार चौहान, ग्राम पंचायत जकेला की चंद्रमा गुप्ता, ग्राम पंचायत औरदा के जयंती साव और अहिल्या पाव को उनके सपनों के आवास की सौगात मिली। वर्षों तक कच्चे मकानों में कठिन परिस्थितियों के बीच जीवन बिताने वाले इन परिवारों के चेहरे पर अपने नए पक्के घर को देखकर संतोष और खुशी साफ दिखाई दी। ग्राम पंचायत सुकूलभठली के हितग्राही रामकुमार चौहान ने भावुक होकर बताया कि पहले उनका परिवार कच्चे मकान में रहता था। बरसात के दिनों में घर में छप्पर से पानी टपकता था और परिवार को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। अब पक्का मकान मिलने से उनका परिवार सुरक्षित और बेहतर वातावरण में रह रहा है। उन्होंने शासन-प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि योजनाओं का लाभ अब वास्तव में जरूरतमंद लोगों तक पहुंच रहा है।
इसी तरह अन्य हितग्राहियों ने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) उनके लिए केवल मकान नहीं, बल्कि सम्मान और सुरक्षा का प्रतीक है। नए घर मिलने से बच्चों की पढ़ाई, परिवार की सुरक्षा और दैनिक जीवन में बड़ा सकारात्मक बदलाव आया है। उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की मंशानुरूप सुशासन तिहार 2026 के तहत आयोजित शिविरों का उद्देश्य आमजनों की समस्याओं का त्वरित समाधान करते हुए शासन की योजनाओं का लाभ सीधे पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाना है। इसी कड़ी में औरदा शिविर में विभिन्न विभागों की समस्याओं का निराकरण किया गया तथा हितग्राहियों को योजनाओं से जोड़ने की पहल की गई।

