चित्रगुप्त जयंती पर कर्ण समाज तमनार द्वारा दिवंगत चित्रांश बंधुओं को दी गई श्रद्धांजलि

चित्रगुप्त जयंती पर कर्ण समाज तमनार द्वारा दिवंगत चित्रांश बंधुओं को दी गई श्रद्धांजलि


कार्यक्रम में विजय शंकर पटनायक,जगनारायण पटनायक, जीवन पटनायक, सुभाष पटनायक,चित्रसेन, मुकेश पटनायक,केशव देवता,अजय कुमार एवं अन्य चित्रांश बधुओं के उपस्थित में प्रार्थना सभा की शुरुवात की गई सर्वप्रथम श्री नीलाम्बर पटनायक जी ने कहा की प्रकति के नियमो का अनुपालन करके हमारे दिवंगत बन्धु भले ही हमसे दूर जा चुके है पर जाते जाते हमें बहुत कुछ सीखा गये जिनका हमें अनुसरण करना चाहिए,अभिव्यक्ति के अगले क्रम में श्री अजय पटनायक जी ने कर्ण समाज के सूत्रधार और सक्रिय कार्यकर्ता स्व. राजू बोहिदार जी को याद करते हुये कहा कि राजू बोहिदार का देहांत हो जाना समाज की अपूर्णीय क्षति है जिनका जगह ले पाना आसान नही है वो सर्वदा प्रकाश स्तम्भ बनकर मार्ग प्रशस्त करते रहेंगे ।अगले क्रम में श्री राजेश पटनायक जी ने दिवंगत श्री राधे श्याम पटनायक जी,राजू बोहिदार जी,विरंचि बोहिदार जी,संजय पटनायक जी, को याद करके समाज मे उनके योगदान को सराहनीय बताया और महाराज चित्रगुप्त जी का सानिध्य मिले इस हेतु प्रार्थना की। श्री लिंगराज पटनायक जी ने कहा कि श्री चित्रगुप्त जी महाराज सामाजिक समरसता और समन्वयता का प्रतीक है जिनके बताये मार्ग पर चलकर हमे मोक्ष मिल सकती है।श्री विजय पढिहारी जी ने प्रार्थना सभा की आवश्यकता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि हमे प्रत्येक वर्ष इस परंपरा को जारी रखना है।



