औद्योगिक क्षेत्र तमनार के प्लांट व खदान प्रभावित इलाके का रिटायर्ड जज की अध्यक्षता में एनजीटी टीम द्वारा की गई निरीक्षण

औद्योगिक क्षेत्र तमनार के प्लांट व खदान प्रभावित इलाके का रिटायर्ड जज की अध्यक्षता में एनजीटी टीम द्वारा की गई निरीक्षण

तमनार@ संदेशा 24 एनजीटी की टीम ने तमनार इलाके में ग्रामीणों से मुलाकात की इलाके में कंपनियां द्वारा नल जल सप्लाई व्यवस्था और पानी की गुणवत्ता को परखा टीम ने ग्रामीणों से बात कर वहां के परेशानी जानने का प्रयास किया।
प्रदूषण के मामले में स्थानीय लोगों ने प्रदूषण को लेकर याचिका दायर की थी ऐसे में वास्तविक स्थिति जानने के लिए एनजीटी ने हाईकोर्ट के रिटायर्ड जस्टिस वीके श्रीवास्तव ने प्रभावित इलाकों का दौरा कर पक्षकारों के अलावा ग्रामीणों से मिले। सड़कों की स्थिति देखने के बाद उन्होंने गांव में हो रही पानी सप्लाई व्यवस्था के विस्तार से जानकारी ली कमेटी के सदस्य 26 अगस्त तक जिले में रहेंगे और प्रभावित इलाकों का दौरा करेंगे
मंगलवार को टीम ने सबसे पहले मिलुपारा व कोडकेल में हिंडालको में नल जल प्रदाय की व्यवस्था देखकर ग्रामीणों से बातचीत की। सीपीडीसीएल सेक्टर माइन का निरीक्षण किया।अंबुजा एसईसीएल जिंदल पावर लिमिटेड तमनार भी देखी। माइंस की सुरक्षा सहित अन्य व्यवस्था की जायजा लिया और पावर प्लांट में प्रबंधन से प्रश्न पूछे। कमेटी दो-तीन दिन निरीक्षण के बाद कलेक्ट्रेट में बैठकर फाइनल रिपोर्ट पर चर्चा करेगी।
एनजीटी टीमें उद्योग के प्रबंधन कर्मचारी प्रभावित गांव के ग्रामीण और माइंस में सुरक्षा सहित अन्य व्यवस्था देखी तथा वहां की समस्याएं जानने का प्रयास किया शिकायत है कि कोल माइंस खदानों में गर्मी में 4 से 5 माह तक आग लगी रहती है इसकी बजह से आसपास के लोगों में दमा टीवी सर्दी खांसी,सिलिकोसिस अन्य बीमारियां जैसे समस्या होती है
एनजीटी टीम में केंद्रीय पर्यावरण मंत्रालय के डॉक्टर भारद्वाज,केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के आरपीमिश्रा पर्यावरण अभियांत्रिकी संस्थान के पुजारी को इस कमेटी का सदस्य बनाया गया है। कमेटी का निर्माण 2 महीने पहले किया गया है जस्टिस श्रीवास्तव की कमेटी एनजीटी की रिपोर्ट देगी इस मुद्दे पर फैसला सुनाएगी 2 माह पहले एनजीटी कमेटी का गठन किया गया था कमेटी स्वास्थ्य संबंधित समस्या के संबंध में जानकारी जुटा रही है।


