तमनार वन परिक्षेत्र में कोटरी का शिकार करने वाले पांच आरोपियों को वन विभाग द्वारा अपराध कायम कर भेजा गया जेल

तमनार वन परिक्षेत्र में कोटरी का शिकार करने वाले पांच आरोपियों को वन विभाग द्वारा अपराध कायम कर भेजा गया जेल

संदेशा @ तमनार #दुलेन्द्र पटेल 12.1.2021
रायगढ़ जिले के तमनार वनक्षेत्र अंतर्गत कोटरी का शिकार करने वाले पांच आरोपियों को वन विभाग ने धर दबोचा है। उक्त मामले में अपराध कायम कर आरोपियों को
जेल भेज दिया गया है।
इस संबंध में मिली जानकारी के अनुसार रविवार को पांच ग्रामीणों ने मिलकर एक कोटरी का शिकार किया और उसे बजरमुड़ा गांव के आगे आवास प्लाट के पास आपस मे बांट कर पकाने की तैयारी की जा रही थी , लेकिन तब तक मामले की सूचना वन अमला को लग चुकी थी। इसके बाद संबंधित बीटगार्ड ने मामले की जानकारी अपने उच्चाधिकारियों को दी। जहां कोड़केल डिप्टी रेंजर को मुखबिर तंत्र फैला कर मामले की पतासाजी करने निर्देशित किया गया।
मुखबिर की सूचना पर मामले को सही पाने के बाद डीएफओ प्रणय मिश्रा के निर्देशानुसार व एसडीओ टीसी पहारे के मार्गदर्शन में तमनार रेंजर सीआर राठिया व उनकी टीम ने बजरमुड़ा बस्ती के आगे आवास प्लाट क्षेत्र में दबिश दी।
जहां से रघुनाथ पिता रामनाथ सिदार उम्र 56 वर्ष निवासी बजरमुड़ा, प्रेम सिंह कलगा पिता रामसिंह कलगा उम्र 30 वर्ष निवासी मडिकछार , कमल कलगा पिता ज्ञानी कलगा उम्र 30 वर्ष निवासी मडियाकछार को गिरफ्तार कर पूछताछ किया गया। तब उन्होंने दो अन्य साथी का भी साथ मे होना बताए। जहां शिकारियों के दो साथी शंकर अगरिया पिता नोहरसाय अगरिया उम्र 45 वर्ष , जयराम कलगा पिता पिलाराम कलगा उम्र 40 वर्ष की तलाश शुरू की गई और उन्हें भी गिरफ्तार किया गया। शिकारियों के पास से लगभग ढाई किलो से तीन का कोटरी मांस जब्त किया गया। वहीं आरोपियों के खिलाफ अपराध कायम कर भारतीय वन अधिनियम 1927 की धारा 52 ,वन प्राणी अधिनियम धारा 1972 धारा 9,धारा 50 (स) 52 पर अपराध कायम की गई है।उक्त कार्यवाही में डिप्टी रेंजर संतोष सिदार ,वनपाल कमल सिदार, विजय ध्रुव वनरक्षक द्वारा की गई।
तमनार रेंजर सी आर राठिया ने बताया की सोमवार को कार्यवाही पूर्ण कर घरघोड़ा न्यायालय में प्रस्तुत कर न्यायिक रिमांड पर पांचों आरोपियों को जिला जेल रायगढ़ भेज दिया गया है।

